अंधविश्वासी होकर अफवाहों पर विश्वास करें और आप प्रभु की वापसी का स्वागत करने का अवसर चूक जाएंगे!
हम सभी जानते हैं कि जब प्रभु प्रकट हुए और अपना काम किया, तो फरीसियों ने प्रभु यीशु की निंदा करने के लिए अफवाहें गढ़ीं और निन्दा भरे शब्द बोले। उस समय, यहूदी लोगों को उनकी अफवाहों से कोई सरोकार नहीं था, उन्होंने न तो प्रभु यीशु के वचनो और कार्यों की खोज की और न ही जांच की। नतीजतन, उन्होंने नेत्रहीन रूप से प्रभु यीशु को मारने के लिए फरीसियों का अनुसरण किया और इस तरह जघन्य पाप किया। वे न केवल मसीहा का अभिवादन करने में विफल रहे, बल्कि परमेश्वर के विरोध के मार्ग पर चले। आखिरकार, पूरे यहूदी राष्ट्र को अभूतपूर्व विनाश के अधीन किया गया।परमेश्वर का विरोध करने के कारण इस दण्ड के वोह लायक है । अब हम लोग अंतिम दिनों में है, परमेश्वर नए कार्य को लाते है और नए युग का शुरुआत करते है।इसी तरह, वही दृश्य जो दो हज़ार साल पहले के फरीसियों ने अफवाहों को गढ़ा और परमेश्वर का विरोध किया फिरसे एक बार सामने आता है।अगर हमें उन अफवाहों के बारे में कोई जानकारी नहीं है, तो हम यहूदी लोगों की त्रासदी को दोहराएंगे। यदि ऐसा है, तो हम न केवल प्रभु की वापसी का स्वागत करने में विफल हैं, बल्कि परमेश्वर का विरोध करने की अफवाहों का भी पालन करते हैं। फिर हमें इन अफवाहों को कैसे परखना चाहिए और प्रभु की वापसी को कैसे खोना नहीं है? निम्नलिखित लेख हमें जवाब बताएगा!”
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